चुनाव की सेल्फी
दोस्तों आज हम इस आर्टिकल मै बात करेंगे सोशल इंजीनियरिंग vs महंगे चुनाव प्रचार के विषय पर आज का मुद्दा। दोस्तों जब चुनाव आता है तो पार्टिया हम सभी मतदाता को रिझाने के लिये खूब प्रचार करती है जिस से हम उन के प्रचार को जो वो बता रहे है उस को सच्च मान के उन की पार्टी को वोट करे। इस प्रचार के चक्कर मै बड़ी पार्टिया खूब धन प्रयोग करती है जो काम नही भी किया होता है या शुरुवत ही हुआ हो कोई काम उस को प्रचार के माध्यम से खूब प्रचार करते है चाहे टीवी हो रेडियो या सोशल साइट सभी पर ये पार्टिया खूब पैसा बहा के मतदाता को अपने तरफ लाने का पूरा प्रयास कर रही होती है मंचो से प्रचार भाषण के माध्यम से करते ही है हमारे घर पर रेडियो ,फेसबुक, व्हॉट्सअप और टीवी से अपने पार्टी का प्रचार करते है। महँगा चुनाव प्रचार-- आज कल तो चुनाव का प्रचार का तरीका बिलकुल ही बदल गया है अब तो सीधे हमारे फोन पर ही आप उन का प्रचार देख लोगे आप ना चाहे तब भी। पर ये सभी प्रचार को हम नये जमाने का बोलते है ये सभी प्रचार पहले तो बहुत महंगे होते है...